रांची, 11 2026 : भारतीय जनता पार्टी झारखंड छात्र आंदोलन को लेकर काफी आक्रामक दिख रही है। भाजपा ने इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने का फैसला किया है। झारखंड में पिछले करीब दो सप्ताह से चल रहे छात्र आंदोलन और सोमवार को विधानसभा घेराव के दौरान हुए लाठीचार्ज को लेकर राज्य की सियासत गरमा गई है। भाजाप ने इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने की तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व के निर्देश पर मंगलवार को देशभर में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करने की बात सामने आई है। भाजपा का कहना है कि झारखंड में छात्र आंदोलन के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई को देश के सामने रखा जाएगा। इसके साथ ही पार्टी ने अपनी प्रदेश इकाइयों को छात्र आंदोलन के समर्थन में खड़े होने और इस मामले को प्रमुखता से उठाने का निर्देश दिया है।

देशभर में भाजपा नेता करेंगे प्रेस कॉन्फ्रेंस

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने सभी प्रदेश इकाइयों को निर्देश जारी किया है। इसके तहत मंगलवार को अलग-अलग राज्यों में पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रेस कॉन्फ्रेंस कर झारखंड के छात्र आंदोलन और विधानसभा घेराव के दौरान हुई कार्रवाई का मुद्दा उठाएंगे। भाजपा का आरोप है कि छात्र अपनी मांगों को लेकर लंबे समय से आंदोलन कर रहे थे, लेकिन सरकार ने उनकी मांगों पर उचित ध्यान देने के बजाय आंदोलनकारियों पर बल प्रयोग किया।

कांग्रेस और राहुल गांधी पर भाजपा का निशाना

इस मामले को लेकर भाजपा ने झारखंड की सरकार के साथ-साथ कांग्रेस पर भी निशाना साधने की तैयारी की है। पार्टी के नेता प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए कांग्रेस और राहुल गांधी से जुड़े सवाल भी उठाएंगे।भाजपा का आरोप है कि छात्रहित से जुड़े मुद्दों पर राज्य सरकार का रवैया संवेदनशील नहीं रहा। हालांकि, इन आरोपों पर सरकार और कांग्रेस का पक्ष सामने आने के बाद तस्वीर और स्पष्ट होगी।

झारखंड में बंद का भी आह्वान

लाठीचार्ज के विरोध में भाजपा ने झारखंड बंद का आह्वान किया है। पार्टी की ओर से मंगलवार को राज्य में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले पर अपना पक्ष रखने की भी तैयारी है। बंद के दौरान राज्य के अलग-अलग हिस्सों में भाजपा कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन की खबरें भी सामने आई हैं। स्थानीय स्तर पर यातायात और सामान्य गतिविधियों पर इसके असर की जानकारी अलग-अलग जिलों से सामने आ रही है।

विधानसभा घेराव के दौरान हुआ था लाठीचार्ज

छात्र संगठन पिछले कई दिनों से नियुक्तियों, कथित पेपर लीक और रोजगार समेत विभिन्न मुद्दों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। सोमवार को आंदोलनकारियों ने विधानसभा घेराव का कार्यक्रम आयोजित किया था। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारी छात्रों के बीच झड़प की स्थिति बनी। इसके बाद पुलिस की ओर से लाठीचार्ज किए जाने की जानकारी सामने आई। घटना के बाद छात्र संगठनों और विपक्षी दलों ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं।

छात्र आंदोलन बना सियासी मुद्दा

झारखंड में छात्र आंदोलन अब केवल रोजगार और नियुक्तियों से जुड़ा मुद्दा नहीं रह गया है, बल्कि इसके साथ राजनीतिक टकराव भी बढ़ता जा रहा है। भाजपा इस मुद्दे को राज्य से बाहर राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने की तैयारी में है। अब देशभर में होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस और झारखंड बंद के दौरान भाजपा के प्रदर्शन पर राजनीतिक नजरें टिकी हैं। वहीं, छात्र संगठनों की मांगों और सरकार के रुख को लेकर भी आगे की कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी।