धनबाद | 10 अगस्त 2026
धनबाद पुलिस ने साइबर ठगी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। चिरकुंडा थाना क्षेत्र से जुड़े इस मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक विधि विरुद्ध बालक को निरुद्ध किया गया है। पुलिस के मुताबिक गिरोह फर्जी सिम कार्ड के जरिए UCO बैंक ग्राहकों को निशाना बनाता था और KYC अपडेट या बैंक खाता बंद होने का झांसा देकर OTP हासिल कर रकम ठगता था।
64 संदिग्ध सिम, 27 के खिलाफ साइबर ठगी की शिकायत
ग्रामीण एसपी एस मोहम्मद याकूब ने सोमवार को बताया कि दूरसंचार विभाग से मिली सूचना के आधार पर जांच शुरू की गई। 1 जनवरी से 29 मई 2026 के बीच चिरकुंडा के मुकेश स्टोर POS से 64 संदिग्ध सिम जारी किए गए थे। इनमें 27 सिम के खिलाफ NCRP पोर्टल पर साइबर ठगी की शिकायत दर्ज थी।
फर्जी सिम बेचने से खुला गिरोह का राज
जांच में पुलिस को पता चला कि लायकडीह निवासी आयुष सिंह अपनी आईडी से सिम खरीदकर साइबर ठगों को बेचता था। पूछताछ के बाद पुलिस ने प्रेम रविदास, बिनोद रविदास और गुलाब रविदास समेत अन्य आरोपियों तक पहुंच बनाई। प्रेम रविदास को गिरोह का मुख्य सरगना बताया गया है।
KYC के नाम पर लेते थे OTP
पुलिस के अनुसार आरोपी UCO mPassbook और UCO Secure ऐप का इस्तेमाल करते थे। इसके बाद ग्राहकों को KYC अपडेट कराने या खाता बंद होने का डर दिखाकर रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आया OTP हासिल करते थे। OTP मिलने के बाद बैंक खाते से रकम वॉलेट में ट्रांसफर कर आपस में बांट ली जाती थी।
मोबाइल और सिम समेत डाटा बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने कई मोबाइल फोन, अलग-अलग कंपनियों के सिम कार्ड और UCO बैंक ग्राहकों के मोबाइल नंबर व खाता नंबर से जुड़ा डाटा बरामद किया है। पूछताछ में नौ अन्य सहयोगियों के नाम भी सामने आए हैं, जो फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं




