साहिबगंज, 22 अगस्त 2026 : जिले के कारगिल दियारा क्षेत्र में बाढ़ और गंगा के तेज कटाव ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। लगातार हो रहे कटाव के कारण कई घर इसकी चपेट में आ चुके हैं, जबकि ग्रामीणों का दावा है कि करीब 500 घरों पर खतरा मंडरा रहा है। कटाव की रफ्तार बढ़ने से इलाके में दहशत का माहौल है। शनिवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण अपनी समस्या लेकर पूर्व विधायक अनंत ओझा के आवास पहुंचे। ग्रामीणों ने सुरक्षित स्थान उपलब्ध कराने के साथ-साथ प्रशासन से तत्काल राहत और बचाव की व्यवस्था करने की मांग की।
घरों की ओर बढ़ रहा गंगा का पानी और कटाव
ग्रामीणों का कहना है कि गंगा का जलस्तर और तेज बहाव लगातार कटाव को बढ़ा रहा है। कई स्थानों पर जमीन तेजी से कटकर गंगा में समा रही है। इसके चलते घरों के अस्तित्व पर भी संकट खड़ा हो गया है। ग्रामीणों ने बताया कि दिन के साथ-साथ रात में भी उन्हें अपने घर और परिवार की सुरक्षा की चिंता सताती रहती है। कटाव की रफ्तार इसी तरह जारी रही तो आने वाले दिनों में बड़े नुकसान की आशंका है।
करीब 500 घरों पर खतरा
ग्रामीणों के अनुसार कारगिल दियारा इलाके में करीब 500 घर कटाव की जद में आने की आशंका है। कई परिवारों के घर पहले ही प्रभावित हो चुके हैं। ऐसे में लोगों को अब अपना आशियाना बचाने की चिंता सता रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि प्रभावित परिवारों के लिए तत्काल सुरक्षित स्थान की व्यवस्था की जाए, ताकि कटाव बढ़ने की स्थिति में लोगों को सुरक्षित तरीके से विस्थापित किया जा सके।
पूर्व विधायक के आवास पहुंचे ग्रामीण
बाढ़ और कटाव से परेशान ग्रामीण शनिवार को पूर्व विधायक अनंत ओझा के कार्यालय पहुंचे। उन्होंने अपनी समस्याएं बताईं और प्रशासन तक उनकी आवाज पहुंचाने की अपील की। ग्रामीणों ने कहा कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। उन्होंने प्रभावित परिवारों के लिए राहत सामग्री, सुरक्षित स्थान और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की।
बड़े नुकसान की आशंका से दहशत
गंगा के लगातार कटाव के कारण कारगिल दियारा के ग्रामीणों में भय का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों को आशंका है कि कटाव की रफ्तार नहीं थमी तो कई और घर इसकी चपेट में आ सकते हैं।फिलहाल प्रभावित लोगों की सबसे बड़ी मांग सुरक्षित स्थान और तत्काल प्रशासनिक हस्तक्षेप है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मौके का निरीक्षण कर बाढ़-कटाव प्रभावित परिवारों के लिए राहत और बचाव की ठोस व्यवस्था करने की गुहार लगाई है।




