नई दिल्ली, 25 अगस्त 2026 : चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग अगले महीने यानी सितंबर में भारत आ सकते हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक वह नई दिल्ली में होने वाले BRICS Summit 2026 में हिस्सा लेने के लिए भारत का दौरा कर सकते हैं। हालांकि, चीन की ओर से अभी तक इस यात्रा की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। अगर यह दौरा होता है तो करीब सात साल बाद चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की भारत यात्रा होगी। इससे भारत और चीन के बीच पिछले कुछ वर्षों से जारी तनाव के बीच रिश्तों में नई हलचल देखने को मिल सकती है।

सात साल बाद भारत आ सकते हैं शी जिनपिंग

समाचार एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक चीनी राष्ट्रपति सितंबर में भारत आ सकते हैं। सूत्रों के अनुसार, शी जिनपिंग के साथ एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल भी भारत पहुंच सकता है। रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से करीब 400 चीनी अधिकारियों के प्रतिनिधिमंडल के साथ आने की संभावना जताई गई है। हालांकि, इस संबंध में अभी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। शी जिनपिंग आखिरी बार 2019 में भारत आए थे। तब उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ महाबलीपुरम में अनौपचारिक शिखर वार्ता की थी।

क्या मोदी की चीन यात्रा का 'जवाब' है जिनपिंग का दौरा?

शी जिनपिंग के संभावित भारत दौरे को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पिछले साल की चीन यात्रा से भी जोड़कर देखा जा रहा है। मोदी ने शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए चीन के तियानजिन का दौरा किया था। गलवान घाटी में 2020 की हिंसक झड़प के बाद भारत-चीन संबंधों में काफी तनाव रहा। ऐसे में दोनों देशों के शीर्ष नेताओं की हालिया गतिविधियों को रिश्तों में सुधार की कोशिश के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, इसे सीधे तौर पर किसी 'कर्ज चुकाने' की यात्रा कहना अभी जल्दबाजी होगी। शी जिनपिंग के भारत दौरे की आधिकारिक पुष्टि होने के बाद ही तस्वीर साफ होगी।

12-13 सितंबर को होगा BRICS Summit

18वां BRICS Summit 2026 नई दिल्ली के भारत मंडपम में 12 और 13 सितंबर को आयोजित होने की जानकारी दी गई है। इस बार BRICS की अध्यक्षता भारत कर रहा है। सम्मेलन में आर्थिक सहयोग, वैश्विक सुरक्षा, विकासशील देशों की भूमिका और बदलते अंतरराष्ट्रीय समीकरण जैसे मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के भी सम्मेलन में शामिल होने की बात सामने आई है। ऐसे में अगर शी जिनपिंग भी भारत आते हैं तो BRICS सम्मेलन के दौरान मोदी-पुतिन-जिनपिंग की मौजूदगी वैश्विक कूटनीति के लिहाज से काफी अहम हो सकती है।

भारत-चीन रिश्तों पर रहेगी नजर

शी जिनपिंग की संभावित भारत यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब नई दिल्ली और बीजिंग के बीच संबंधों को सामान्य बनाने की कोशिशें जारी हैं। दोनों देशों के शीर्ष नेतृत्व की संभावित मुलाकात में सीमा विवाद, द्विपक्षीय संबंध और व्यापार समेत कई मुद्दे अहम हो सकते हैं। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या शी जिनपिंग वाकई सितंबर में भारत आएंगे? चीन की आधिकारिक घोषणा के बाद ही इस पर अंतिम मुहर लगेगी।