नई दिल्ली, 10 अगस्त 2026 : संसद के मानसून सत्र के समापन से पहले कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर हमला तेज कर दिया है। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सोमवार को एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर सीधा निशाना साधा। दोनों नेताओं ने दिल्ली में छात्रों और युवाओं के खिलाफ हुई कार्रवाई समेत कई मुद्दों पर सरकार से जवाब मांगा। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि विपक्ष का सवाल यह नहीं है कि गृह मंत्री संसद में किसी सामान्य विषय पर बोलेंगे या नहीं, बल्कि सवाल यह है कि दिल्ली में छात्रों के खिलाफ हुई कार्रवाई को लेकर सरकार की जवाबदेही क्या है।
नेता प्रतिपक्ष ने उठाए तीन बड़े सवाल
राहुल गांधी ने केंद्र सरकार के सामने तीन प्रमुख मांगें रखीं। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री अमित शाह को छात्रों और युवाओं पर हुई कार्रवाई को लेकर संसद में जवाब देना चाहिए। राहुल गांधी के मुताबिक, सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि दिल्ली में छात्रों पर गोली चलाने का आदेश किसने दिया था और क्या गृह मंत्री को इसकी जानकारी थी। उन्होंने कहा कि अगर गृह मंत्री को इसकी जानकारी थी तो उन्हें इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए और अगर जानकारी नहीं थी, तब भी जवाबदेही तय होनी चाहिए। राहुल गांधी ने इस मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से देश से माफी मांगने की मांग भी की।
राम मंदिर के चढ़ावे का मुद्दा भी उठाया गया
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने राम मंदिर के चढ़ावे से जुड़े आरोपों का भी जिक्र किया। मल्लिकार्जुन खरगे ने दावा किया कि राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े मामले में प्रधानमंत्री द्वारा चुने गए लोगों की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस मामले में स्थिति स्पष्ट करने और अगर कोई गड़बड़ी हुई है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। कांग्रेस का कहना है कि राम मंदिर करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़ा विषय है, इसलिए इससे संबंधित किसी भी कथित वित्तीय अनियमितता पर सरकार को स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
छात्रों पर कार्रवाई को लेकर सरकार से जवाब की मांग
कांग्रेस अध्यक्ष खरगे ने दिल्ली में छात्रों और युवाओं के खिलाफ कथित लाठीचार्ज, आंसू गैस और अन्य कार्रवाई का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष लगातार इस मामले में गृह मंत्री से संसद में जवाब की मांग कर रहा है। कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि छात्रों के विरोध प्रदर्शन के दौरान जरूरत से ज्यादा बल का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने सरकार से पूरे मामले की जवाबदेही तय करने की मांग की।
संसद में टकराव बढ़ने के आसार
मानसून सत्र के अंतिम दौर में कांग्रेस और केंद्र सरकार के बीच राजनीतिक टकराव और तेज होने के संकेत हैं। कांग्रेस जहां छात्रों के प्रदर्शन, सरकारी कार्रवाई और राम मंदिर से जुड़े आरोपों पर सरकार को घेर रही है, वहीं सत्ता पक्ष की ओर से इन आरोपों पर जवाब दिए जाने की संभावना है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह विपक्ष के सवालों का सामना करने से बच रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को संसद में आकर इन मुद्दों पर अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए।कांग्रेस की इन मांगों के बाद मानसून सत्र के बचे हुए समय में संसद के भीतर इन मुद्दों पर हंगामा और राजनीतिक बयानबाजी बढ़ने के आसार हैं।




