नई दिल्ली, 26 अगस्त। कम उम्र में सफेद बालों की समस्या से परेशान लोग अक्सर हेयर डाई का सहारा लेते हैं। हालांकि, बाजार में मिलने वाले हेयर कलर में मौजूद कुछ रसायन संवेदनशील स्कैल्प वाले लोगों को परेशानी दे सकते हैं। ऐसे में आंवला, चायपत्ती, कॉफी और एलोवेरा जैसी घरेलू सामग्रियों से एक अस्थायी नेचुरल हेयर कलर तैयार करने का तरीका अपनाया जा सकता है। यह मिश्रण बालों को गहरा टोन और चमक देने में मदद कर सकता है, हालांकि इसका असर व्यक्ति और बालों के प्रकार के अनुसार अलग हो सकता है।
इन चीजों से तैयार करें नेचुरल हेयर कलर
इसके लिए 2 बड़े चम्मच आंवला पाउडर, 1 बड़ा चम्मच चायपत्ती, 1 छोटा चम्मच कॉफी पाउडर, 1 से 2 चम्मच एलोवेरा जेल और लगभग 2 गिलास पानी लिया जा सकता है। आंवला और चायपत्ती बालों को गहरा टोन देने वाले प्राकृतिक तत्वों के रूप में इस्तेमाल किए जाते हैं, जबकि एलोवेरा मिश्रण को लगाने में मदद कर सकता है।
बनाने का आसान तरीका
एक साफ बर्तन में पानी गर्म करें और उसमें आंवला, चायपत्ती तथा कॉफी डाल दें। मिश्रण को धीमी आंच पर तब तक पकाएं, जब तक पानी कम होकर गाढ़ा न हो जाए। इसके बाद इसे ठंडा करें और जरूरत के अनुसार एलोवेरा जेल मिलाकर पेस्ट जैसा मिश्रण तैयार करें।
लोहे के बर्तन में मिश्रण रखने की घरेलू सलाह भी दी जाती है, लेकिन इससे हर व्यक्ति के बालों पर एक जैसा या स्थायी काला रंग मिलेगा, इसकी गारंटी नहीं है।
बालों में कैसे लगाएं?
बालों और स्कैल्प पर किसी भी नए मिश्रण का इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करना जरूरी है। मिश्रण को जड़ों से बालों की लंबाई तक लगाएं और कुछ समय बाद सादे पानी से धो लें। आंखों में मिश्रण जाने से बचें।
जरूरी सावधानियां भी रखें
अगर स्कैल्प में जलन, खुजली या लालिमा हो तो तुरंत इस्तेमाल बंद कर दें। कटे या संक्रमित स्कैल्प पर ऐसा मिश्रण न लगाएं। सफेद बालों को प्राकृतिक रूप से पूरी तरह और स्थायी रूप से काला करने के दावे वैज्ञानिक रूप से सुनिश्चित नहीं हैं। गंभीर हेयर या स्कैल्प संबंधी समस्या होने पर त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर है।
घरेलू हेयर कलर एक विकल्प हो सकता है, लेकिन सुरक्षित इस्तेमाल के लिए सामग्री की गुणवत्ता, साफ-सफाई और पैच टेस्ट का ध्यान रखना जरूरी है।




