बोकारो, 26 अगस्त। झारखंड के बोकारो जिले में साइबर ठगी का एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है। चास स्थित एक मोबाइल दुकानदार के बैंक खाते में संदिग्ध तरीके से 5 हजार रुपये ट्रांसफर होने के बाद बैंक ने उसका खाता फ्रीज कर दिया। दुकानदार ने आरोप लगाया कि एक युवक उससे इलाज के लिए नकद रुपये लेकर गया था और बदले में अपने खाते से ऑनलाइन भुगतान किया था। कुछ समय बाद खाते पर रोक लगने से दुकानदार परेशान हो गया।

इलाज के नाम पर लिए 5 हजार रुपये कैश

चास निवासी मोबाइल दुकानदार पीयूष कुमार के अनुसार, जेयून खान नामक युवक उसके पास पहुंचा और इलाज के लिए 5 हजार रुपये नकद की जरूरत बताई। पीयूष ने युवक को नकद राशि दे दी। इसके बदले युवक ने 5 हजार रुपये पीयूष कुमार के बैंक खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए।

शुरुआत में यह सामान्य लेनदेन जैसा लगा, लेकिन कुछ समय बाद बैंक की ओर से पीयूष कुमार का खाता फ्रीज कर दिया गया। खाते पर रोक लगने के बाद दुकानदार ने मामले की जानकारी जुटानी शुरू की।

सेक्टर-4 से पकड़कर पुलिस के हवाले किया

पीयूष कुमार के मुताबिक, जब उसे जेयून खान पर संदेह हुआ तो उसने उसे बोकारो के सेक्टर-4 इलाके से पकड़ लिया। इसके बाद युवक को सेक्टर-4 थाना पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस अब दोनों पक्षों से पूछताछ कर मामले की वास्तविक स्थिति जानने में जुटी है।

संदिग्ध रकम के स्रोत की जांच शुरू

प्रारंभिक स्तर पर आशंका जताई जा रही है कि युवक के खाते में मौजूद रकम का स्रोत संदिग्ध हो सकता है। यह भी संदेह व्यक्त किया गया है कि राशि ऑनलाइन गेमिंग या किसी अन्य संदिग्ध गतिविधि से जुड़ी हो सकती है। हालांकि, इस संबंध में अभी पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।

पुलिस जांच के बाद खुलेगा पूरा मामला

सेक्टर-4 थाना पुलिस बैंक खाते में ट्रांसफर हुई रकम, युवक के खाते के स्रोत और खाते को फ्रीज किए जाने की वजह की जांच कर रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि मामला वास्तव में साइबर ठगी से जुड़ा है या किसी अन्य वित्तीय अनियमितता का है।

फिलहाल दोनों पक्षों से पूछताछ जारी है। पुलिस जांच पूरी होने और बैंक से संबंधित जानकारी मिलने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।