पटना | 18 जुलाई 2026

पटना के चर्चित कोचिंग फायरिंग विवाद में पहली बार खान सर ने खुलकर अपनी चुप्पी तोड़ी है। एक पॉडकास्ट के दौरान उन्होंने पूरे घटनाक्रम पर अपना पक्ष रखते हुए अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा कि उन्हें बिना किसी ठोस आधार के इस मामले में जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। बातचीत के दौरान उन्होंने रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव की मौत और उससे जुड़े आरोपों पर भी विस्तार से अपनी प्रतिक्रिया दी।

'क्या हमने उसे नेपाल भेजा था?'

पॉडकास्ट में जब खान सर से पूछा गया कि रौशन आनंद का आरोप है कि उनके बयान के कारण प्रिंस यादव नेपाल गया, जहां बाद में उसकी मौत हो गई, तो उन्होंने इस दावे को पूरी तरह गलत बताया। उन्होंने कहा, "क्या हमने उसे नेपाल भेजा था? क्या हमने कहा था कि किसी का अपहरण करो, कमर में पिस्टल लेकर घूमो या रंगदारी मांगो? हमने ऐसा कुछ नहीं कहा।"

प्रिंस यादव को लेकर किए कई दावे

खान सर ने दावा किया कि प्रिंस यादव के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज थे। उनके अनुसार, अपहरण और आर्म्स एक्ट सहित कई मामलों में पुलिस उसकी तलाश कर रही थी और इन्हीं मामलों के दबाव में वह नेपाल गया था। उन्होंने कहा कि पॉडकास्ट के दौरान इन दावों के समर्थन में कुछ एफआईआर की प्रतियां भी दिखाई गईं।

क्या है पूरा कोचिंग फायरिंग विवाद?

गौरतलब है कि 2 जून 2026 को पटना के मुसल्लहपुर हाट स्थित खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग परिसर में कथित हमला, पथराव और तोड़फोड़ हुई थी। इस दौरान सुरक्षा गार्डों द्वारा हवा में फायरिंग किए जाने का वीडियो सामने आने के बाद मामला और गंभीर हो गया। पुलिस ने जांच के दौरान खान सर के सुरक्षा गार्डों को गिरफ्तार किया और बाद में खान सर सहित अन्य लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास तथा आर्म्स एक्ट की धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई।

मामला फिलहाल कोर्ट में विचाराधीन

इसी बीच रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव की नेपाल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, जिसके बाद रौशन आनंद ने खान सर पर गंभीर आरोप लगाए। हालांकि खान सर इन आरोपों से लगातार इनकार करते रहे हैं। उन्हें पहले अंतरिम अग्रिम जमानत मिली थी और 13 जुलाई 2026 को पटना सेशंस कोर्ट ने अग्रिम जमानत प्रदान कर दी। वहीं, उनके दोनों सुरक्षा गार्डों को भी नियमित जमानत मिल चुकी है। फिलहाल पूरा मामला न्यायालय में विचाराधीन है और दोनों पक्ष कानूनी प्रक्रिया के तहत अपने-अपने दावे पेश कर रहे हैं।