आरा | 31 जुलाई 2026
भोजपुर जिले के चर्चित भरत तिवारी कथित एनकाउंटर मामले में बिहार पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार स्पेशल टास्क फोर्स (STF) के जवान अक्षय कुमार को देर रात गिरफ्तार कर लिया। आरोपी जवान पर आरोप है कि उसने भरत तिवारी के कथित आत्मसमर्पण के बाद गोली चलाई थी। भरत तिवारी की मां आशा देवी ने पहले ही अक्षय कुमार को हत्या का जिम्मेदार बताते हुए उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।
तकनीकी साक्ष्यों और सर्विलांस के आधार पर गिरफ्तारी
पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामले की जांच के दौरान जुटाए गए तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल लोकेशन और सर्विलांस इनपुट के आधार पर फरार चल रहे STF जवान अक्षय कुमार की पहचान की गई। इसके बाद विशेष टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
17 जून को हुआ था चर्चित एनकाउंटर
भरत तिवारी की मौत 17 जून 2026 को भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र स्थित बिलौटी गांव में पुलिस कार्रवाई के दौरान हुई थी। पुलिस ने इसे एनकाउंटर बताया था, जबकि परिजनों ने आरोप लगाया कि भरत ने आत्मसमर्पण कर दिया था, इसके बावजूद उसे गोली मार दी गई। घटना के बाद यह मामला पूरे बिहार में चर्चा का विषय बन गया।
मुख्यमंत्री से परिजनों की मुलाकात के बाद बढ़ी कार्रवाई
हाल ही में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भरत तिवारी के परिजनों को पटना बुलाकर मुलाकात की थी। इसके बाद मामले की जांच में तेजी आई। प्रशासनिक स्तर पर भी कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए। एनकाउंटर के समय जगदीशपुर के एसडीपीओ रहे राजेश कुमार शर्मा को मद्य निषेध विभाग से वापस पुलिस मुख्यालय भेज दिया गया। वहीं तत्कालीन एसडीओ संजीत कुमार को भी उनके पद से हटाकर सामान्य प्रशासन विभाग में भेज दिया गया है।
जांच अभी जारी
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है। यदि जांच में अन्य अधिकारियों या कर्मियों की भूमिका सामने आती है तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल गिरफ्तार STF जवान से पूछताछ के आधार पर आगे की जांच जारी है।




