पटना | 25 जुलाई 2026

बिहार में NEET पेपर लीक विवाद और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर बुलाए गए बिहार बंद का असर कई जिलों में देखने को मिला। शुक्रवार को छात्रों के प्रदर्शन ने कई जगहों पर हिंसक रूप ले लिया। पटना, सीवान, भागलपुर, छपरा, सीतामढ़ी, लखीसराय समेत कई जिलों में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव की स्थिति बनी रही।

प्रदर्शन के दौरान कहीं पत्थरबाजी हुई तो कहीं पुलिस को लाठीचार्ज, आंसू गैस और हवाई फायरिंग का सहारा लेना पड़ा। प्रशासन ने हालात को देखते हुए कई संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है।

सीवान में सबसे ज्यादा तनाव, एसपी को लगी चोट

सीवान के गांधी मैदान में छात्रों का प्रदर्शन अचानक उग्र हो गया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिसकर्मियों पर ईंट-पत्थर और बोतलें फेंकनी शुरू कर दीं। स्थिति बिगड़ने के बाद पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया।

इस दौरान पत्थर लगने से सीवान के एसपी पूरन झा घायल हो गए। घायल होने के बावजूद एसपी मौके पर मौजूद रहे और पुलिस बल के साथ स्थिति को नियंत्रित करने में जुटे रहे। बताया गया कि हालात काबू करने के लिए पुलिस ने कई राउंड हवाई फायरिंग भी की।

पटना के डाकबंगला चौराहे पर छात्रों का प्रदर्शन

राजधानी पटना में डाकबंगला चौराहा आंदोलन का प्रमुख केंद्र बना रहा। बड़ी संख्या में छात्र सड़क पर उतर आए और NEET पेपर लीक मामले में कार्रवाई की मांग की।

प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर नारेबाजी की। पुलिस ने कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रदर्शनकारियों को हटाने की कोशिश की, जिसके बाद तनाव की स्थिति बनी।

पटना पुलिस ने कहा है कि प्रदर्शन के दौरान उपद्रव करने वालों की पहचान CCTV फुटेज और वीडियो के आधार पर की जा रही है। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

भागलपुर और छपरा में भी उग्र हुआ प्रदर्शन

भागलपुर में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस वाहन पर पत्थर फेंके, जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को नियंत्रित किया।

छपरा में कुछ प्रदर्शनकारी सरकारी भवन पर चढ़ गए और पोस्टर फाड़ दिए। सड़क जाम होने से शहर की यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति संभालने की कोशिश की।

सीतामढ़ी, लखीसराय और बेगूसराय में भी असर

सीतामढ़ी में प्रदर्शन के दौरान एक भाजपा नेता के वाहन को नुकसान पहुंचाने की घटना सामने आई। वहीं लखीसराय में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प के बाद पुलिस ने कार्रवाई की।

बेगूसराय में पुलिस ने ड्रोन कैमरों से प्रदर्शन की निगरानी की, जबकि मधेपुरा में कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया।

प्रशासन अलर्ट, हिंसा करने वालों पर कार्रवाई की तैयारी

बिहार बंद के दौरान हुई घटनाओं के बाद प्रशासन ने पूरे राज्य में सुरक्षा बढ़ा दी है। संवेदनशील इलाकों में पुलिस बल की तैनाती की गई है और लगातार निगरानी रखी जा रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन हिंसा, पथराव और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।