बेगूसराय | 13 जुलाई 2026

कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार ने सोमवार को वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान दर्ज आदर्श आचार संहिता उल्लंघन मामले में बेगूसराय स्थित एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट में आत्मसमर्पण किया। स्पेशल जज विवेक चंद्र वर्मा की अदालत में पेश होने के बाद उनकी ओर से जमानत याचिका दायर की गई, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। कोर्ट ने 10-10 हजार रुपये के दो पर्सनल बॉन्ड जमा करने की शर्त पर उन्हें जमानत दे दी।

2019 लोकसभा चुनाव से जुड़ा है मामला

यह मामला वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान बछवाड़ा थाना क्षेत्र में दर्ज हुआ था। आरोप है कि चुनाव प्रचार के दौरान कन्हैया कुमार ने रुदौली गांव के एक मकान पर चुनावी पोस्टर चिपकाया था। सेक्टर मजिस्ट्रेट ने इसे आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन मानते हुए उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी।

चार्जशीट दाखिल होने के बाद कोर्ट ने लिया संज्ञान

पुलिस जांच पूरी होने के बाद मामले में चार्जशीट अदालत में दाखिल की गई। इसके बाद एमपी-एमएलए कोर्ट ने मामले का संज्ञान लेते हुए कन्हैया कुमार की अदालत में उपस्थिति आवश्यक बताई। हालांकि उन्हें पहले पुलिस स्तर पर जमानत मिल चुकी थी, लेकिन न्यायिक प्रक्रिया पूरी करने के लिए सोमवार को अदालत में सरेंडर करना पड़ा।

जमानत मिलने के बाद मिली राहत

सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने अदालत के समक्ष अपनी दलीलें रखीं। इसके बाद स्पेशल जज ने 10-10 हजार रुपये के दो पर्सनल बॉन्ड पर कन्हैया कुमार को जमानत दे दी। सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद उन्हें अदालत से राहत मिल गई।

अब आगे क्या होगा?

मामले की सुनवाई न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे भी जारी रहेगी। अदालत में आरोपों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अगली सुनवाई में आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।