अलीगढ़, 17 अगस्त। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में एक बेटी ने पिता के निधन के बाद उनकी अंतिम यात्रा में आगे बढ़कर अर्थी को कंधा दिया। सासनी गेट क्षेत्र के ब्राह्मनपुरी निवासी 19 वर्षीय निमि गुप्ता के इस कदम ने वहां मौजूद लोगों को भावुक कर दिया। पिता के निधन के बाद परिवार पहले से ही सदमे में था, लेकिन अंतिम यात्रा के दौरान बेटी के साहस ने हर किसी का ध्यान खींचा।
पिता के निधन की खबर मिलते ही दिल्ली से पहुंचीं घर
निमि गुप्ता दिल्ली में रहकर पढ़ाई कर रही हैं। पिता निमिष गुप्ता के निधन की सूचना मिलने के बाद वह तुरंत अलीगढ़ स्थित अपने घर पहुंचीं। मंगलवार को जब अंतिम संस्कार की तैयारियां शुरू हुईं, तो निमि ने आगे बढ़कर अपने पिता की अर्थी को कंधा दिया। इस दृश्य को देखकर परिवार के साथ-साथ आसपास मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
हादसे में गंवाया था एक हाथ, फिर भी नहीं मानी हार
परिजनों के अनुसार निमिष गुप्ता हार्डवेयर कारोबारी थे। करीब 15 वर्ष पहले एक सड़क हादसे में उन्होंने अपना एक हाथ गंवा दिया था। इसके बावजूद उन्होंने जीवन में संघर्ष करना नहीं छोड़ा। एक हाथ से वाहन चलाना सीखा और अपने कारोबार को आगे बढ़ाते रहे। उन्होंने अपनी दोनों बेटियों निमि और कनिष्का की पढ़ाई पर भी विशेष ध्यान दिया।
कारखाने में तबीयत बिगड़ने के बाद अस्पताल में भर्ती
परिजनों ने बताया कि करीब छह दिन पहले कारखाने में काम के दौरान निमिष की तबीयत अचानक बिगड़ गई। स्टाफ की अनुपस्थिति में उन्होंने हार्डवेयर की एक पेटी उठाने की कोशिश की थी। इसी दौरान उनकी रीढ़ में खिंचाव हुआ और बाद में उनकी हालत गंभीर होने लगी। उन्हें रामघाट रोड स्थित निजी नर्सिंग होम ले जाया गया, जहां इलाज शुरू किया गया।
इलाज के दौरान हुई मौत
इलाज के बावजूद सोमवार रात निमिष गुप्ता की मौत हो गई। मंगलवार को उनकी अंतिम यात्रा निकली, जिसमें बेटी निमि ने खुद पिता की अर्थी को कंधा दिया। बेटी का यह कदम परिवार के लिए भावुक पल था। अंतिम यात्रा में मौजूद लोगों ने निमि के साहस और पिता के प्रति उनके प्रेम की सराहना की।




