पटना | 13 जुलाई 2026
अगर आप ट्रेन टिकट बुकिंग के दौरान सर्वर डाउन, लंबी लाइन या बार-बार टिकट फेल होने जैसी समस्याओं से परेशान रहते हैं, तो आपके लिए राहत की खबर है। पूर्व मध्य रेलवे (East Central Railway) ने अपने यात्री आरक्षण केंद्रों (PRS) को आधुनिक यूनिफाइड टिकटिंग नेटवर्क (UTN) से जोड़ने का फैसला किया है। इस नई तकनीक के लागू होने के बाद टिकट बुकिंग की प्रक्रिया पहले की तुलना में कई गुना तेज हो जाएगी और यात्रियों को महज 5 सेकंड में टिकट बुक करने की सुविधा मिल सकेगी।
बिहार के कई प्रमुख स्टेशनों का होगा अपग्रेडेशन
रेलवे की इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत हाजीपुर, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, सीतामढ़ी, मोतिहारी समेत समस्तीपुर और सोनपुर रेल मंडल के सभी पीआरएस केंद्रों को नए सिस्टम से जोड़ा जाएगा। रेलवे बोर्ड ने इस परियोजना के लिए करीब 9.51 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। इसमें समस्तीपुर मंडल के लिए लगभग 5 करोड़ रुपये और सोनपुर मंडल के लिए 4.91 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
चार महीने में पूरा हो सकता है काम
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, एजेंसी का चयन होने के बाद परियोजना पर तेजी से काम शुरू किया जाएगा और अगले चार महीने के भीतर इसे पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। नई तकनीक लागू होने के बाद सभी पीआरएस काउंटर रेलवे के केंद्रीकृत क्लाउड सर्वर से जुड़ जाएंगे।
क्यों आती थी टिकट बुकिंग में दिक्कत?
अब तक अलग-अलग रेलवे जोन और मंडलों के अलग-अलग सर्वर होने के कारण टिकट बुकिंग के दौरान कई सर्वरों के बीच डेटा का आदान-प्रदान करना पड़ता था। पीक समय में इसी वजह से वेबसाइट धीमी पड़ जाती थी, सर्वर डाउन हो जाता था या टिकट बुकिंग फेल हो जाती थी। नए यूनिफाइड टिकटिंग नेटवर्क से यह समस्या काफी हद तक खत्म होने की उम्मीद है।
यात्रियों को मिलेगा सीधा फायदा
रेलवे का दावा है कि नए सिस्टम के लागू होने के बाद टिकट बुकिंग की गति लगभग 10 गुना बढ़ जाएगी। टिकट बुकिंग, कैंसिलेशन और चार्ट तैयार करने जैसी सेवाएं पहले से अधिक तेज, पारदर्शी और भरोसेमंद होंगी। इस अपग्रेडेशन का लाभ पूर्व मध्य रेलवे के लाखों यात्रियों को मिलेगा और आने वाले समय में अन्य रेल मंडलों में भी इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।




