गुमला, 19 अगस्त 2026 : आगामी वार्षिक माध्यमिक एवं इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा 2027 में जिले के विद्यार्थियों के बेहतर प्रदर्शन को लेकर शिक्षा विभाग ने अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं। उपायुक्त गुमला के निर्देश पर जिला शिक्षा पदाधिकारी कविता खलखो की अध्यक्षता में डायट गुमला में जिला स्तरीय बैठक आयोजित की गई। इसमें बोर्ड परीक्षा की तैयारी के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार करते हुए इसे मिशन मोड में संचालित करने का निर्देश दिया गया। गौरतलब है कि पिछले वर्ष राज्य स्तरीय रैंकिंग में गुमला जिले ने मैट्रिक और इंटर आर्ट्स में पहला स्थान हासिल किया था। वहीं इंटर विज्ञान में जिला दूसरे और वाणिज्य में तीसरे स्थान पर रहा। अब शिक्षा विभाग का लक्ष्य अगले वर्ष भी जिले के इस बेहतर प्रदर्शन को बरकरार रखना है।
सितंबर में होगी अर्धवार्षिक परीक्षा
बैठक में परीक्षार्थियों की तैयारी को मजबूत करने के लिए सितंबर में अर्धवार्षिक परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया गया। इसके जरिए विद्यार्थियों की विषयवार तैयारी और कमजोरियों का आकलन किया जाएगा। कमजोर विद्यार्थियों के लिए इसके बाद रेमेडियल कक्षाएं व अतिरिक्त अभ्यास कराया जाएगा। सभी विद्यालयों को नवंबर तक कक्षा 10 और 12 का पूरा सिलेबस अनिवार्य रूप से पूरा करने का निर्देश दिया गया है। इसके बाद विद्यार्थियों के लिए प्री-बोर्ड परीक्षा और संपूर्ण पाठ्यक्रम के रिवीजन पर विशेष जोर रहेगा।
साप्ताहिक टेस्ट और दैनिक अभ्यास पर जोर
विद्यालयों में जैक पैटर्न पर आधारित प्रश्नों का नियमित अभ्यास कराया जाएगा। विद्यार्थियों को प्रतिदिन गृहकार्य देने के साथ हर शनिवार छोटे टेस्ट और साप्ताहिक रिवीजन कराने के निर्देश दिए गए हैं। बोर्ड परीक्षार्थियों के लिए अपडेटेड टाइम टेबल के अनुसार नियमित कक्षाएं संचालित करने पर भी जोर दिया गया। जिला स्तरीय शैक्षणिक कोर समिति का आवश्यकतानुसार पुनर्गठन करते हुए शिक्षकों को विषयवार नोट्स, अभ्यास सामग्री और मॉडल प्रश्नपत्र तैयार कर विद्यालयों तक उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी दी गई है।
हर विद्यार्थी की प्रगति पर रहेगी नजर
डीईओ कविता खलखो ने कहा कि बेहतर बोर्ड परिणाम अंतिम समय की तैयारी से नहीं, बल्कि नियमित और योजनाबद्ध अभ्यास से हासिल होता है। उन्होंने विद्यालयों में दैनिक अभ्यास, साप्ताहिक टेस्ट और रिवीजन की व्यवस्था सुनिश्चित करने के साथ कमजोर विद्यार्थियों को अतिरिक्त सहयोग देने का निर्देश दिया। विद्यार्थियों की प्रगति की जानकारी अभिभावकों तक पहुंचाने के लिए पीटीएम और विद्यालय प्रबंधन समिति की बैठकें नियमित रूप से आयोजित करने को भी कहा गया।
ऑनलाइन उपस्थिति और शैक्षणिक गतिविधियों पर भी फोकस
उपायुक्त के निर्देश के अनुसार छात्र और शिक्षक उपस्थिति को भी प्राथमिकता दी गई है। शिक्षकों की दो बार उपस्थिति और दैनिक ऑनलाइन छात्र उपस्थिति समय पर दर्ज करने का निर्देश दिया गया।इसके अलावा सावित्रीबाई फुले एवं प्री-मैट्रिक छात्रवृत्ति, अपार आईडी, पेन संख्या, आधार सत्यापन समेत अन्य ऑनलाइन गतिविधियों को समयबद्ध और त्रुटिरहित पूरा करने पर जोर दिया गया। बैठक में राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक अमृत मेटे समेत शिक्षा विभाग के अधिकारी, डायट संकाय सदस्य, जिला टास्क फोर्स समिति के सदस्य और जिले के विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापक मौजूद रहे।




