नई दिल्ली | 25 जुलाई 2026

छात्र आंदोलन से जुड़े घटनाक्रम में बड़ा दावा सामने आया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने केंद्र सरकार के साथ बातचीत के बाद अपना आंदोलन समाप्त करने की घोषणा की है। पार्टी नेताओं का कहना है कि सरकार ने उनकी प्रमुख मांगों पर सहमति जताई है और तय समय-सीमा के भीतर उन्हें लागू करने का आश्वासन दिया है।

आंदोलन वापस लेने का ऐलान

सरकार के साथ हुई बातचीत के बाद CJP के राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका ने प्रेस वार्ता में कहा कि संगठन की सभी प्रमुख मांगों पर सहमति बन गई है। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से अपील की कि वे शांतिपूर्ण ढंग से धरना समाप्त कर अपने-अपने घर लौट जाएं। साथ ही उन्होंने कहा कि संगठन आगे की रणनीति और अन्य मुद्दों की जानकारी समय आने पर साझा करेगा।

'समझौते के भरोसे पर आंदोलन समाप्त'

संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में CJP प्रतिनिधिमंडल के सदस्य सौरव दास ने कहा कि संगठन सरकार के आश्वासन पर विश्वास जताते हुए आंदोलन वापस ले रहा है। उनके अनुसार बातचीत के दौरान जिन बिंदुओं पर सहमति बनी है, उन्हें निर्धारित समय-सीमा के भीतर लागू किए जाने की उम्मीद है।

केंद्रीय मंत्रियों के साथ हुई संयुक्त प्रेस वार्ता

प्रेस कॉन्फ्रेंस में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह भी मौजूद रहे। बातचीत के बाद दोनों मंत्रियों ने CJP प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों से हाथ मिलाया। यह बैठक आंदोलन के संबंध में दोनों पक्षों के बीच हुई कई दौर की वार्ता के बाद आयोजित की गई।

मुआवजे पर सरकार का रुख

जेपी नड्डा ने कहा कि प्रतिनिधिमंडल ने आंदोलन के दौरान दर्ज मामलों और अन्य मुद्दों से संबंधित चार प्रमुख बिंदुओं का लिखित प्रस्ताव सरकार के समक्ष रखा था। उन्होंने बताया कि सरकार ने इन मांगों पर सकारात्मक रुख अपनाया है। मुआवजे के संबंध में उन्होंने कहा कि संबंधित नियमों और प्रावधानों के तहत पात्र लोगों को अधिकतम संभव सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।

आधिकारिक विवरण का इंतजार

इस घटनाक्रम के बाद छात्र आंदोलन फिलहाल समाप्त करने की घोषणा की गई है। हालांकि, समझौते के सभी बिंदुओं और उनके क्रियान्वयन की विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना अभी बाकी है। सरकार और CJP दोनों की ओर से आगे जारी होने वाले औपचारिक दस्तावेजों पर सभी की नजर बनी हुई है।