पटना, 21 अक्टूबर 2026 : बिहार में पंचायत चुनाव को लेकर एक बड़ा अपडेट है। वैसे फिलहाल परिसीमन का काम जारी है। यह काम खत्म होने के बाद ही पंचायत चुनाव कराए जाएंगे। मालूम हो कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने खुद ही यह जानकारी दी थी। उन्होंने कहा था कि परिसीमन के बाद पंचायत चुनाव कराए जाएंगे। इस तरह पंचायत चुनाव को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं, मगर अब तक चुनाव की तारीखों का आधिकारिक ऐलान नहीं हुआ है। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को चुनाव कार्यक्रम की घोषणा का इंतजार है।
बिहार पंचायत चुनाव में क्यों हो रही देरी ?
बिहार में पंचायत चुनाव इस साल नवंबर या दिसंबर में कराए जाने की चर्चा थी। हालांकि, अब तक चुनाव की तारीखों को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा सामने नहीं आई है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, पंचायत चुनाव से पहले परिसीमन की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी पटना में एक कार्यक्रम के दौरान पंचायत प्रतिनिधियों से बातचीत करते हुए कहा था कि परिसीमन का काम पूरा होने के बाद पंचायत चुनाव कराए जाएंगे। इसके अलावा, अति पिछड़ा वर्ग (EBC) के आरक्षण से जुड़ा मुद्दा भी चुनाव में देरी की वजह बताया जा रहा है। हालांकि, चुनाव की तारीखों को लेकर अंतिम स्थिति आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगी।
वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने के लिए चलेगा अभियान
पंचायत चुनाव की तैयारियों के तहत मतदाता सूची को अपडेट करने पर भी जोर दिया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, इस प्रक्रिया की शुरुआत मोतिहारी से किए जाने की बात सामने आई है। इसके तहत उन पात्र मतदाताओं के नाम सूची में शामिल करने की तैयारी है, जिनके नाम अब तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं हैं। इसके लिए विभिन्न जिलों में शिविर लगाए जाने की योजना बताई जा रही है। अभियान के माध्यम से नए मतदाताओं और सूची में नाम दर्ज कराने से छूट गए पात्र लोगों को जोड़ने पर ध्यान दिया जाएगा।
क्या 2027 में हो सकता है पंचायत चुनाव ?
पंचायत चुनाव में हो रही देरी के बीच यह अनुमान लगाया जा रहा है कि यदि चुनाव अगले साल कराए जाते हैं तो मार्च या अप्रैल 2027 में मतदान संभव हो सकता है। हालांकि, अभी तक इस समय-सीमा की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में चुनाव की वास्तविक तारीख परिसीमन सहित जरूरी प्रक्रियाओं की स्थिति और निर्वाचन संबंधी आधिकारिक घोषणा पर निर्भर करेगी। फिलहाल मतदाताओं को चुनाव कार्यक्रम से जुड़ी आधिकारिक जानकारी का इंतजार करना होगा।
पंचायत चुनाव में किन पदों के लिए होगा मतदान ?
बिहार पंचायत चुनाव के जरिए ग्रामीण स्थानीय निकायों के विभिन्न प्रतिनिधियों का चुनाव किया जाता है। इनमें ग्राम पंचायत के मुखिया, वार्ड सदस्य, पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद सदस्य जैसे पद शामिल हैं। इन प्रतिनिधियों के माध्यम से गांवों में विकास कार्यों, स्थानीय समस्याओं और पंचायत स्तर के प्रशासन से जुड़े फैसलों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जाती है।
मतदाता अभी क्या करें ?
पंचायत चुनाव में मतदान करने के लिए मतदाता सूची में नाम दर्ज होना जरूरी है। केवल वोटर कार्ड होना पर्याप्त नहीं है, यदि संबंधित व्यक्ति का नाम आधिकारिक मतदाता सूची में शामिल नहीं है। इसलिए ग्रामीणों को सलाह दी जाती है कि वे अपने निर्वाचन क्षेत्र की मतदाता सूची में नाम की स्थिति की जांच कर लें। यदि नाम दर्ज नहीं है या उसमें किसी तरह की गलती है, तो संबंधित निर्वाचन कार्यालय से संपर्क कर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सुधार या नाम जोड़ने की जानकारी प्राप्त करें।




