पटना में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने विपक्ष के उस आरोप को खारिज किया जिसमें बिहार का खजाना खाली होने की बात कही गई थी। उन्होंने कहा कि बिहार आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के आंकड़े साबित करते हैं कि राज्य आर्थिक रूप से मजबूत स्थिति में है और विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। सरावगी ने कहा कि वर्ष 2024-25 में बिहार का सकल राज्य घरेलू उत्पाद (GSDP) 13.1 प्रतिशत की वृद्धि के साथ लगभग 9.92 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जो राष्ट्रीय औसत 9.8 प्रतिशत से अधिक है। वहीं वर्ष 2025-26 में यह आंकड़ा 10.97 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने का अनुमान है।
उन्होंने बताया कि बिहार की कुल राजस्व प्राप्तियां वर्ष 2020-21 के 1.28 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 2024-25 में 2.18 लाख करोड़ रुपये हो गई हैं। कर राजस्व में बढ़ोतरी और वित्तीय आत्मनिर्भरता राज्य की आर्थिक मजबूती को दर्शाती है। सरावगी ने कहा कि यदि राज्य का खजाना खाली होता तो इतनी बड़ी विकास योजनाएं, निवेश और आधारभूत संरचना परियोजनाएं संभव नहीं होतीं। उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चल रही विकास योजनाओं का उल्लेख करते हुए रेलवे, सड़क, बिजली और एयरपोर्ट क्षेत्र में हुए निवेश को बिहार की प्रगति का आधार बताया।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कृषि, मत्स्य पालन और उद्योग क्षेत्र में भी बिहार लगातार आगे बढ़ रहा है। मखाना, लीची और मत्स्य उत्पादन में वृद्धि के साथ लाखों लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिला है। उन्होंने दावा किया कि पिछले वर्षों में 2.5 करोड़ से अधिक लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए हैं। सरावगी ने विपक्ष को सलाह दी कि वह निराधार आरोप लगाने के बजाय आर्थिक सर्वेक्षण के तथ्यों का अध्ययन करे, क्योंकि बिहार आज आत्मविश्वास के साथ विकसित राज्य बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।




