पटना | 1 अगस्त 2026

बिहार के नगर निकायों में सफाईकर्मियों और ड्राइवरों की हड़ताल शनिवार को तीसरे दिन भी जारी है। राज्यभर में हजारों कर्मचारी काम पर नहीं लौटे हैं, जिससे कई शहरों की सफाई व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है। सड़कों, गली-मोहल्लों और सार्वजनिक स्थानों पर कचरे का अंबार लग गया है। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लगातार बढ़ती गंदगी के बीच संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ने लगा है। इसके साथ ही बारिश के कारण जलजमाव और गंदगी से लोगों को जीना मुहाल हो गया है। हर चौक-चौराहे पर गंदगी का अंबार दिखाई दे रहा है।

पटना में पुलिस निगरानी में उठ रहा कचरा

राजधानी पटना में पांच हजार से अधिक सफाईकर्मी हड़ताल पर हैं। नगर निगम ने वैकल्पिक व्यवस्था के तहत सफाई कार्य शुरू कराया है, लेकिन हड़ताली कर्मचारियों द्वारा अन्य कर्मियों को काम करने से रोकने की शिकायतें भी सामने आई हैं। इसे देखते हुए प्रशासन ने कई इलाकों में पुलिस की मौजूदगी में कचरा उठाने का काम शुरू किया है। नगर निगम ने विरोध की आशंका को देखते हुए रात 10 बजे से सुबह 4 बजे तक विशेष सफाई अभियान चलाने का निर्णय लिया है। नगर आयुक्त ने सफाई कार्य में बाधा डालने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश भी दिए हैं।

बायोमेट्रिक उपस्थिति अनिवार्य

नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने सभी सफाई निरीक्षकों और पर्यवेक्षकों को स्थायी, दैनिक और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की बायोमेट्रिक और मैनुअल उपस्थिति सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है। बिना अनुमति अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही प्रत्येक वार्ड में अतिरिक्त सफाईकर्मियों की टीम तैनात करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।

कर्मचारियों से काम पर लौटने की अपील

नगर निगम प्रशासन ने हड़ताली कर्मचारियों से जनहित को देखते हुए काम पर लौटने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि नगर निगम के अधिकार क्षेत्र से संबंधित यूनियन की कई मांगें पहले ही स्वीकार की जा चुकी हैं, जबकि शेष मांगों को राज्य सरकार के पास भेज दिया गया है।

दरभंगा और बिहारशरीफ में भी बिगड़े हालात

दरभंगा में करीब 1,500 सफाईकर्मी लगातार तीसरे दिन भी हड़ताल पर हैं। शहर में प्रतिदिन उठने वाला लगभग 10 टन कचरा जमा हो रहा है। कर्मचारी समान काम के बदले समान वेतन समेत अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं। वहीं, नालंदा के बिहारशरीफ नगर निगम क्षेत्र में भी करीब 1,300 सफाईकर्मियों की हड़ताल जारी है। रोजाना उठने वाला लगभग 250 टन कचरा तीन दिनों से नहीं उठ सका है, जिससे शहर के कई इलाकों में गंदगी फैल गई है।

सुपौल में भी बढ़ी परेशानी

सुपौल नगर परिषद क्षेत्र में भी सफाई व्यवस्था प्रभावित है। सार्वजनिक स्थानों और सड़कों पर कचरा जमा होने से स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि अब तक प्रभावी वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है, जिससे काफी परेशानी हो रही है।

संक्रमण का बढ़ा खतरा

विशेषज्ञों का मानना है कि लंबे समय तक कचरा जमा रहने से संक्रमण और संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। इस बीच प्रशासन सफाई व्यवस्था सामान्य करने की कोशिश में जुट गया है, जबकि हड़ताली कर्मचारी अपनी मांगों पर कायम हैं। ऐसे में राज्य के कई शहरों में जनजीवन पर इस हड़ताल का असर साफ दिखाई दे रहा है।