नेपीदा, 29 सितंबर 2026 : म्यांमार के पश्चिमी रखाइन राज्य में सैन्य हवाई हमले में कम से कम 49 लोगों की मौत हो गई है और 58 अन्य लोग घायल हो गए हैं। यह हमला सोमवार यानी 28 सितंबर को क्याउक्ताव टाउनशिप में एक व्यस्त बाजार के पास हुआ। मालूम हो कि इलाके पर अराकान आर्मी का नियंत्रण है। स्थानीय बचाव अधिकारियों के मुताबिक घायलों में 22 लोगों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है। रिपोर्टों के अनुसार, एक लड़ाकू विमान ने दो बम गिराए। हमले के समय बाजार में दुकानदारों, खरीदारों और राहगीरों की भारी भीड़ थी। अराकान आर्मी और स्थानीय बचाव अधिकारियों ने हताहतों की संख्या की जानकारी दी है। म्यांमार की सेना ने तत्काल इस हमले पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।

बाजार और पुल के पास हुआ हमला

हमला क्याउक्ताव के उस इलाके में हुआ, जहां एक प्रमुख थोक बाजार और उसके पास पुल है। यह बाजार रखाइन क्षेत्र का महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र बताया जाता है, जहां अलग-अलग इलाकों से व्यापारी और खरीदार पहुंचते हैं। हमले के बाद सामने आई तस्वीरों और वीडियो में इलाके से धुआं उठता और इमारतों तथा वाहनों को नुकसान पहुंचा दिखाई दिया।

अराकान आर्मी ने बदले की चेतावनी दी

अराकान आर्मी ने हमले की निंदा करते हुए इसके लिए म्यांमार की सेना को जिम्मेदार ठहराया है। संगठन ने आरोप लगाया है कि हवाई हमले में आम नागरिकों की बड़ी संख्या में मौत हुई है। अराकान आर्मी ने हमले के लिए जिम्मेदार लोगों और संगठनों के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की चेतावनी भी दी है। हालांकि हमले के उद्देश्य और नागरिकों को निशाना बनाए जाने के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि सीमित है।म्यांमार की सेना ने तत्काल कोई टिप्पणी नहीं की। सेना पहले कहती रही है कि उसके हवाई हमले सैन्य ठिकानों और वैध सैन्य लक्ष्यों पर किए जाते हैं।

रखाइन के बड़े हिस्से पर अराकान आर्मी का नियंत्रण

रखाइन राज्य में म्यांमार की सेना और अराकान आर्मी के बीच लंबे समय से संघर्ष चल रहा है। अराकान आर्मी जातीय रखाइन समुदाय के लिए अधिक स्वायत्तता की मांग करने वाला सशस्त्र संगठन है। नवंबर 2023 में संगठन ने रखाइन में बड़े सैन्य अभियान की शुरुआत की थी। इसके बाद उसने राज्य के कई इलाकों पर अपना नियंत्रण बढ़ाया। क्याउक्ताव भी अराकान आर्मी के नियंत्रण वाले क्षेत्रों में शामिल है।

2021 के सैन्य तख्तापलट के बाद से गृहयुद्ध

म्यांमार में एक फरवरी 2021 को सेना ने आंग सान सू की की निर्वाचित सरकार को सत्ता से हटा दिया था। इसके बाद देशभर में विरोध प्रदर्शन शुरू हुए और सुरक्षा बलों की कार्रवाई के बाद कई विपक्षी समूहों ने हथियार उठा लिए। तब से म्यांमार के कई हिस्सों में सेना और विभिन्न सशस्त्र संगठनों के बीच संघर्ष जारी है। रखाइन भी इस संघर्ष से सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में शामिल है।

खाद्य संकट और आपूर्ति पर भी असर

रखाइन में लगातार संघर्ष और व्यापारिक मार्गों पर पाबंदियों के कारण आम लोगों के लिए खाद्य सामग्री और अन्य जरूरी सामान की उपलब्धता प्रभावित हुई है। क्षेत्र में मानवीय संकट भी गहरा रहा है। रखाइन में सैन्य कार्रवाई और संघर्ष के कारण बड़ी संख्या में लोग विस्थापित हुए हैं। हालिया एयरस्ट्राइक ने क्षेत्र में नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ा दी है।

पहले भी हो चुके हैं घातक हवाई हमले

रखाइन में इससे पहले भी हवाई हमलों में बड़ी संख्या में लोगों के मारे जाने की रिपोर्ट सामने आती रही है। दिसंबर 2025 में म्राउक-यू इलाके में एक अस्पताल पर हुए हवाई हमले में कम से कम 34 लोगों की मौत की रिपोर्ट आई थी। ताजा हमले में मृतकों की संख्या शुरुआती रिपोर्टों में 33 बताई गई थी, लेकिन बचाव अधिकारियों और अन्य रिपोर्टों के अनुसार अगले दिन यह संख्या बढ़कर कम से कम 49 हो गई। 58 लोग घायल बताए गए हैं।