मेरठ, 12 सितंबर। मेरठ के हस्तिनापुर थाना क्षेत्र में पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहे युवक नितिन की गोली लगने से मौत हो गई। घटना के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने शनिवार को गणेशपुर में सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। परिजनों की मांग है कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और उनके घरों पर बुलडोजर चलाया जाए। हंगामे की सूचना पर पुलिस बल तैनात किया गया।

विवाद के बाद युवक को मारी गई गोली

बताया जा रहा है कि नितिन के दोस्त प्रिंस उर्फ मुकद्दम का दो दिन पहले पड़ोस के मिट्ठू से रास्ते को लेकर विवाद हुआ था। दोनों पक्षों के बीच मारपीट के बाद पुलिस ने उन्हें थाने बुलाया था। वहां समझौता होने की बात सामने आई है। आरोप है कि इसके बावजूद बाद में रंजिश को लेकर विवाद बढ़ा और नितिन को गोली मार दी गई।

सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन

नितिन की मौत के बाद शनिवार को परिजन और ग्रामीण गणेशपुर में सड़क पर शव रखकर बैठ गए। उनका कहना है कि जब तक आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं होती और उनके घरों पर बुलडोजर कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। जाम के कारण मौके पर तनाव की स्थिति बनी रही।

अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर संभाला मोर्चा

हंगामे की जानकारी मिलने पर हस्तिनापुर विधायक और प्रदेश सरकार में राज्यमंत्री दिनेश खटीक मौके पर पहुंचे। उन्होंने परिजनों से बातचीत कर उन्हें शांत कराने की कोशिश की। वहीं, पुलिस अधिकारियों और जवानों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली और जाम खुलवाने का प्रयास किया।

पुलिस की भूमिका पर भी उठे सवाल

घटना के बाद ग्रामीणों ने पहले हुए विवाद में पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि अगर उस समय सख्त कार्रवाई होती तो शायद बाद की घटना टाली जा सकती थी। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने आरोपियों की तलाश में दबिश शुरू कर दी है और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। मामले में आगे की स्थिति जांच के बाद स्पष्ट होगी।