कोलकाता | 15 जुलाई 2026
कोलकाता मेट्रो ने आधुनिक सार्वजनिक परिवहन की दिशा में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल की है। शहर की ईस्ट-वेस्ट मेट्रो कॉरिडोर (ग्रीन लाइन) पर अब जल्द ही ड्राइवरलेस (चालक रहित) मेट्रो सेवा शुरू होने जा रही है। कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (CRS) ने सफल सुरक्षा परीक्षण और विस्तृत निरीक्षण के बाद इस रूट पर चालक रहित मेट्रो संचालन को मंजूरी दे दी है। इसके बाद हावड़ा मैदान से सॉल्टलेक सेक्टर V तक पूरी तरह स्वचालित मेट्रो सेवा शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
सुरक्षा जांच के बाद मिली परिचालन की अनुमति
मेट्रो अधिकारियों के अनुसार, हाल ही में हावड़ा मैदान से सेक्टर V तक ड्राइवरलेस मेट्रो का सफल ट्रायल रन किया गया था। निरीक्षण के दौरान ट्रेन की सुरक्षा प्रणाली, आपातकालीन व्यवस्था, सिग्नलिंग सिस्टम और परिचालन से जुड़े सभी तकनीकी पहलुओं की बारीकी से जांच की गई। सभी मानकों पर सेवा के सफल पाए जाने के बाद CRS ने परिचालन के लिए मंजूरी प्रदान कर दी।
गंगा के नीचे बनी सुरंग में भी सफल रहा परीक्षण
इस परियोजना की सबसे बड़ी विशेषता गंगा नदी के नीचे बनी करीब 520 मीटर लंबी अंडरवॉटर टनल है। परीक्षण के दौरान मेट्रो ने इस सुरंग को लगभग 45 सेकंड में पार किया। पूरी ग्रीन लाइन पर अत्याधुनिक कम्युनिकेशन बेस्ड ट्रेन कंट्रोल (CBTC) तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जिससे ट्रेन का संचालन पूरी तरह स्वचालित और अधिक सुरक्षित होगा।
यात्रियों को मिलेगा हाईटेक सफर का अनुभव
ड्राइवरलेस मेट्रो शुरू होने के बाद यात्रियों को अधिक सुरक्षित, समयबद्ध और आधुनिक यात्रा सुविधा मिलेगी। ऑटोमैटिक कंट्रोल सिस्टम की मदद से ट्रेन संचालन अधिक सटीक होगा, जिससे मानवीय त्रुटियों की संभावना भी कम होगी। इससे कोलकाता मेट्रो देश की उन चुनिंदा मेट्रो सेवाओं में शामिल हो जाएगी, जहां अत्याधुनिक चालक रहित तकनीक का उपयोग किया जा रहा है।
आधिकारिक घोषणा का इंतजार
हालांकि CRS से मंजूरी मिलने के बाद तकनीकी प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, लेकिन मेट्रो रेलवे की ओर से ड्राइवरलेस सेवा की शुरुआत की आधिकारिक तारीख अभी घोषित नहीं की गई है। माना जा रहा है कि सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद जल्द ही यात्रियों के लिए यह हाईटेक सेवा शुरू कर दी जाएगी।




