पटना: जनता दल यूनाइटेड (JDU) 21 जून को राजधानी पटना में अपनी राष्ट्रीय कार्यकारिणी और राष्ट्रीय परिषद की बैठक आयोजित करने जा रही है। पार्टी के संगठनात्मक चुनाव के बाद होने वाली यह पहली बड़ी बैठक होगी, इसलिए इसे राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बैठक का आयोजन कर्पूरी सभागार में किया जाएगा, जहां देश के विभिन्न राज्यों से पार्टी के पदाधिकारी और प्रतिनिधि शामिल होंगे। इस दौरान संगठन से जुड़े कई प्रस्तावों पर चर्चा होने की संभावना है।
बैठक का सबसे अहम एजेंडा नीतीश कुमार के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद को औपचारिक मंजूरी देना माना जा रहा है। संगठनात्मक प्रक्रिया पूरी होने के बाद पार्टी अब इस फैसले को राष्ट्रीय परिषद के मंच से अंतिम रूप देने की तैयारी में है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह बैठक सिर्फ संगठनात्मक औपचारिकता तक सीमित नहीं रहेगी। बिहार की राजनीति और आने वाले समय की चुनौतियों को देखते हुए पार्टी अपने संगठन को और मजबूत बनाने पर भी जोर दे सकती है।
जेडीयू नेतृत्व की कोशिश है कि पार्टी का नेटवर्क राज्य के साथ-साथ दूसरे क्षेत्रों में भी मजबूत हो। ऐसे में राष्ट्रीय परिषद की बैठक को संगठन के लिए एक महत्वपूर्ण पड़ाव के रूप में देखा जा रहा है।
पार्टी कार्यकर्ताओं की नजर भी इस बैठक पर टिकी हुई है। माना जा रहा है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर औपचारिक मुहर लगने के बाद संगठन को लेकर आगे की रूपरेखा भी सामने आ सकती है।
21 जून की यह बैठक इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि इसमें जेडीयू अपने संगठनात्मक ढांचे और भविष्य की दिशा को लेकर महत्वपूर्ण संकेत दे सकती है।




