पटना | 18 जुलाई 2026
बिहार में सड़क संपर्क को नई ऊंचाई देने वाली महत्वाकांक्षी पटना-पूर्णिया ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे परियोजना तेजी से चर्चा में है। यह हाई-स्पीड एक्सप्रेसवे राज्य के उत्तर और पूर्वी हिस्सों को राजधानी पटना से तेज और आधुनिक सड़क नेटवर्क के माध्यम से जोड़ेगा। परियोजना पूरी होने के बाद बिहार के कई हिस्सों से पटना की यात्रा मात्र 3.5 घंटे में पूरी की जा सकेगी।
8 राष्ट्रीय और 8 राज्य राजमार्गों से होगा कनेक्शन
इस एक्सप्रेसवे को इस तरह डिजाइन किया जा रहा है कि यह राज्य के प्रमुख मार्गों से सीधे जुड़ सके। इसका संपर्क NH-22, NH-27, NH-131, NH-322, NH-122, NH-231, NH-119D और NH-527E सहित आठ राष्ट्रीय राजमार्गों से होगा। वहीं SH-49, SH-59, SH-55, SH-92, SH-88, SH-77, SH-56 और SH-60 जैसे राज्य राजमार्ग भी इससे जुड़ेंगे।
इन जिलों को मिलेगा सीधा लाभ
यह एक्सप्रेसवे पटना, वैशाली, समस्तीपुर, दरभंगा, सहरसा और पूर्णिया सहित कई जिलों को जोड़ेगा। सांसद गोपाल जी ठाकुर ने इसे उत्तर और पूर्वी बिहार के विकास की दिशा में ऐतिहासिक परियोजना बताया है।
अत्याधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर से लैस होगा प्रोजेक्ट
जानकारी के अनुसार, एक्सप्रेसवे में 140 छोटे पुल, 21 बड़े पुल, 11 रेलवे ओवरब्रिज, 21 इंटरचेंज और 322 अंडरपास बनाए जाएंगे। इससे यात्रा सुरक्षित और तेज होगी।
बिहार को होंगे ये चार बड़े फायदे
- जिलों के बीच कनेक्टिविटी मजबूत होगी।
- उद्योग और निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
- व्यापार और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
- क्षेत्रीय विकास और पर्यटन को नई गति मिलेगी।
राज्य सरकार और केंद्र सरकार की यह परियोजना आने वाले वर्षों में बिहार के आर्थिक और सामाजिक विकास की तस्वीर बदल सकती है।




