पटना (बिहटा) | 20 जुलाई 2026

31 जुलाई से शुरू होने वाले श्रावण मास को लेकर पटना जिले के बिहटा स्थित ऐतिहासिक बाबा बिहटेश्वरनाथ धाम में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। सावन के पूरे महीने लाखों शिवभक्तों के यहां जलाभिषेक के लिए पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर प्रशासन और जिला प्रशासन विशेष व्यवस्थाओं में जुटा है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए इस बार प्रतिदिन सुबह 4 बजे विशेष पूजा के बाद गर्भगृह के पट खोल दिए जाएंगे।

चतुर्मुखी शिवलिंग की है विशेष मान्यता

बाबा बिहटेश्वरनाथ धाम अपने प्राचीन चतुर्मुखी शिवलिंग के लिए प्रसिद्ध है। धार्मिक मान्यता है कि यहां सच्चे मन से जलाभिषेक करने पर भगवान शिव भक्तों की मनोकामनाएं पूरी करते हैं। यही वजह है कि सावन, महाशिवरात्रि और अन्य पर्वों पर यहां भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं।

महाभारत काल से जुड़ा है मंदिर का इतिहास

स्थानीय मान्यताओं के अनुसार इस मंदिर का इतिहास महाभारत काल से जुड़ा हुआ है। कहा जाता है कि अज्ञातवास के दौरान पांडव इस क्षेत्र में आए थे और राजा वानभट्ट ने यहां चतुर्मुखी शिवलिंग की स्थापना कराई थी। बाद में मंदिर भूगर्भ में समा गया, जिसे वर्षों बाद एक ग्रामीण को मिले स्वप्न के आधार पर पुनः खोजकर स्थापित किया गया।

श्रद्धालुओं के लिए रहेंगी विशेष सुविधाएं

मंदिर परिसर में बैरिकेडिंग, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, शौचालय, स्वास्थ्य शिविर, एंबुलेंस और प्राथमिक उपचार केंद्र की व्यवस्था की जा रही है। विभिन्न सामाजिक संस्थाएं कांवरियों के लिए नि:शुल्क शरबत, चाय और भोजन सेवा भी उपलब्ध कराएंगी। हल्दी छपरा स्थित गंगा-सोन संगम से बड़ी संख्या में कांवरिये जल लेकर बाबा धाम पहुंचेंगे।

सुरक्षा के रहेंगे कड़े इंतजाम

बिहटा थाना पुलिस ने बताया कि सावन के दौरान मंदिर परिसर और आसपास अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती रहेगी। भीड़ प्रबंधन, यातायात व्यवस्था और असामाजिक तत्वों पर निगरानी के लिए विशेष सुरक्षा योजना तैयार की गई है, ताकि श्रद्धालु सुरक्षित और सुगमता से पूजा-अर्चना कर सकें।

सावन 2026 की सोमवारी तिथियां

  • पहली सोमवारी – 3 अगस्त
  • दूसरी सोमवारी – 10 अगस्त
  • तीसरी सोमवारी – 17 अगस्त
  • चौथी सोमवारी – 24 अगस्त