पटना/रोहतास | 20 जुलाई 2026

रोहतास जिले के बिक्रमगंज अनुमंडल में कथित अवैध बूचड़खानों का मामला अब बिहार विधानसभा तक पहुंच गया है। स्थानीय स्तर पर लगातार मिल रही शिकायतों के बाद बिक्रमगंज विधायक जयकुमार सिंह ने मानसून सत्र के दौरान इस मुद्दे को सदन में उठाते हुए सरकार से विस्तृत रिपोर्ट और कार्रवाई की मांग की। विधायक के सवाल के बाद संबंधित विभागों में हलचल तेज हो गई है और मामले की जांच की प्रक्रिया शुरू होने की संभावना जताई जा रही है।

विधायक ने सरकार से मांगा जवाब

विधानसभा में ध्यानाकर्षण के दौरान विधायक जयकुमार सिंह ने कहा कि बिक्रमगंज अनुमंडल के विभिन्न क्षेत्रों में बिना अनुमति कथित रूप से बूचड़खाने संचालित होने की शिकायतें लगातार मिल रही हैं। उन्होंने सरकार से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार लोगों की पहचान करने और समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही उन्होंने पूछा कि ऐसे मामलों को रोकने के लिए प्रशासन ने अब तक क्या कदम उठाए हैं।

स्थानीय लोगों ने जताई चिंता

क्षेत्र के कई गांवों और बाजारों से लोगों ने कथित अवैध बूचड़खानों के संचालन को लेकर नाराजगी जताई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि इन स्थानों पर साफ-सफाई के मानकों का पालन नहीं होने से गंदगी फैल रही है, जिससे आसपास के लोगों को परेशानी हो रही है। लोगों ने प्रशासन से नियमित जांच और नियमों का पालन सुनिश्चित कराने की मांग की है।

प्रशासन पर बढ़ा कार्रवाई का दबाव

विधानसभा में मामला उठने के बाद प्रशासन पर जांच और कार्रवाई का दबाव बढ़ गया है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि की पुष्टि होती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही भविष्य में इस तरह की गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखने की भी बात कही गई है।

स्वास्थ्य और पर्यावरण से जुड़ा अहम मुद्दा

विशेषज्ञों का मानना है कि बिना निर्धारित मानकों के संचालित बूचड़खाने सार्वजनिक स्वास्थ्य और पर्यावरण दोनों के लिए गंभीर चुनौती बन सकते हैं। ऐसे मामलों में स्वच्छता, अपशिष्ट प्रबंधन और स्वास्थ्य संबंधी नियमों का पालन आवश्यक होता है। अब सबकी निगाहें सरकार और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं, क्योंकि यह मामला स्थानीय स्तर से निकलकर राज्य स्तर की चर्चा का विषय बन चुका है।